

-शैक्षणिक उपलब्धि
-पूर्वांचल विश्वविद्यालय जौनपुर से अर्जित की पीएचडी उपाधि
-विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में राज्यपाल ने दिया सम्मान
-अपने गांव में पीएचडी उपाधि अर्जित करने वाले पहले शख्स सूरज
-श्री शिवप्रसाद गुप्त इंटर कालेज टीकादेवरी में हैं सहायक अध्यापक

शशिकांत ओझा
बलिया : जनपद के रसड़ा तहसील अंतर्गत छितौनी गांव के लाल सूरज कुमार भारती ने शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि प्राप्त की है। सूरज कुमार भारती ने वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय जौनपुर से पीएचडी की उपाधि अर्जित किया है। विश्वविद्यालय के 30वें दीक्षांत समारोह में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने सूरज को यह सम्मान दिया।

सूरज कुमार भारती जिनके नाम के आगे अब डाक्टर शब्द जुड़ेगा उन्होंने शोध शीर्षक बलिया जनपद की जनसंख्या “गत्यात्मकता”: एक भौगोलिक अध्ययन था। भारती ने अपना शोध पूर्ण करने का श्रेय अपने शोध निर्देशक डाॅ. दिनेश कुमार सिंह, असिस्टेंट प्रोफेसर, पीजी कालेज मलिकपूरा, गाजीपुर को दिया। साथ ही अपने पिता राम प्रवेश राम (कोटेदार) एवं माता ललिता देवी, समस्त गुरूजनों, भाईयों, बहनों, मित्रों एवं समस्त सहयोग करने वाले लोगो को भी श्रेय प्रदान किया। सूरज कुमार भारती अपनी बस्ती में पीएचडी उपाधि प्राप्त करने वाले प्रथम व्यक्ति बने हैं। सूरज कुमार भारती सीटेट, नेट, जेआरएफ और इंटर कालेज में अध्यापक के रुप में सेवाएं दे रहे हैं। श्री भारती अभी श्री शिव प्रसाद गुप्त इण्टर काॅलेज टीकादेवरी ,नगपुरा में सहायक अध्यापक के पद पर कार्यरत है। सूरज भारती के डा. सूरज कुमार भारती बनने पर पूरे गांव के लोग उत्साहित हैं। गांव में खुशी का माहौल है।




