
-28वीं पुण्यतिथि
श्रद्धापूर्वक याद किए गए पूर्व मंत्री गौरी भईया, सभी ने दी श्रद्धांजलि
-सागरपाली प्रतिमा स्थल पर हुआ पुण्यतिथि कार्यक्रम का आयोजन

शशिकांत ओझा
बलिया : अपने समय पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर के अति करीबी और विश्वास पात्र रहे उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री गौरी भईया की 28वीं पुण्यतिथि पर गुरुवार को उन्हें श्रद्धापूर्वक याद किया गया। पूर्व मंत्री के प्रतिमा स्थल सागरपाली पर श्रद्धांजलि सभा और विचार गोष्ठी आयोजित की गई। विभिन्न राजनीतिक दलों के सदस्यों ने पूर्व मंत्री को उनकी पुण्यतिथि पर श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए नमन किया। श्रद्धांजलि कार्यक्रम में विधानसभा फेफना की वरिष्ठ भाजपा नेत्री डा सुषमा शेखर ने पूर्व मंत्री गौरी भईया के विषय में विस्तार से अपनी बात रखा। कहा गौरी भईया सादगी समर्पण और समावेश की प्रतिमूर्ति थे।







सागरपाली गौरी भईया प्रतिमा स्थल पर आयोजित कार्यक्रम में सभी उपस्थित सम्मानित जनों ने गौरी भईया की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किया। विशिष्ट जनों ने माल्यार्पण करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की। विचार गोष्ठी में सभी वक्ताओं ने गौरी भईया की स्मृति को नमन किया। गौरी भईया अपने विद्यार्थी जीवन काल से ही राजनीति में सक्रिय रहे। टीडी कालेज छात्रसंघ अध्यक्ष पद से राजनीति प्रारंभ किया और लंबे समय तक विधानसभा क्षेत्र फेफना (तत्कालीन कोपाचीट) के विधायक रहे। मुलायम सिंह यादव सरकार में वह उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री भी रहे। गौरी भईया फुटबाल के बेहतरीन खिलाड़ी भी रहे।


पूर्व मंत्री गौरी भईया पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर के सांसद प्रतिनिधि भी रहे। सागरपाली क्षेत्र को वह शिक्षा और खेल के क्षेत्र में विकसित बनाना चाहते थे। ग्रामीण स्टेडियम तो वह अपने कार्यकाल में ही दे दिए पर उनकी स्मृति में उनके दोनों पुत्रों ने अपना सर्वस्व न्योछावर कर उनकी स्मृति में एक महाविद्यालय का निर्माण कराया जो सागरपाली क्षेत्र के विद्यार्थियों की सेवा में जुटा है। श्रद्धांजलि अर्पित करने वालों में मुख्य रूप से डा सुषमा शेखर, पूर्व मंत्री राजधारी, पूर्व मंत्री नारद राय, पूर्व मंत्री उपेंद्र तिवारी, पूर्व मंत्री छट्ठू राम, अमरजीत सिंह चेयरमैन, अनिल राय, गुड्डू राय, बृजकुमार सिंह पूर्व चेयरमैन, हीरा सिंह, वंश बहादुर सिंह, राघवेन्द्र प्रताप सिंह, झुल्लन भैया, अजय राजभर, चेयरमैन, सुशील पांडेय कान्हजी, जितेन्द्र सिंह शिक्षक नेता, तेज प्रताप सिंह मंटू, सुधीर मिश्रा पूर्व प्रधान, जियाउद्दीन राजू, मानवेन्द्र विक्रम सिंह, दिनेश प्रताप सिंह, उपेंद्र पांडेय, जुबेर सोनू, उपेंद्र सिंह, दिनेश सिंह प्रधान, धर्मेंद्र सिंह, हरि सिंह, अजय राय मुन्ना, जितेन्द्र राय, प्रभुनाथ पहलवान मौजूद रहे। अध्यक्षता उदय नारायण राय उर्फ लुटू राय और संचालन बलवंत सिंह ने किया। गौरी भईया की पत्नी ममता सिंह, पुत्र रघुराज प्रताप सिंह राजा और सिद्धार्थ शंकर सिंह गोलू ने आए हुए सभी अतिथियों का अभिवादन सत्कार किया। अदालत सिंह, किशन प्रताप सिंह, खडग बहादुर सिंह, मुन्ना बहादुर, भगवान यादव सिरी आदि लोगों की आगवानी में जुटे रहे।


